शॉटगन -इटारसी की प्रीति रजक विदेशों में लहरा रही देश का परचम

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शॉटगन -इटारसी की प्रीति रजक विदेशों में लहरा रही देश का परचम

छाया : दैनिक भास्कर

मुख्यमंत्री ने किया एकलव्य पुरस्कार से सम्मानित

इटारसी। शॉटगन को महंगा खेल माना जाता है। इस गन की कीमत ही 3 से 5 लाख रुपए तक होती है, लेकिन मध्यप्रदेश के इटारसी कस्बे की मध्यमवर्गीय परिवार की बेटी प्रीति रजक ने एक ऐसे खेल में अपने देश का नाम रोशन किया है, जिसका खर्चा उठाना उनके परिवार के लिए बेहद मुश्किल था। वह दुनिया के कई देशों में पदक जीतकर भारत का परचम लहरा चुकी है। पिछले दिनों मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रीति को एकलव्य पुरस्कार से सम्मानित किया।

प्रीति के पिता दीपक रजक की ड्राई क्लीन शॉप और मां ज्योत्सना रजक समाजसेवी हैं। बड़ी बहन शेफाली भी इंटरनेशनल शॉटगन शूटर है। 26 दिसंबर 2022 को भोपाल के रवींद्र भवन में करतल ध्वनि के बीच जब एकलव्य पुरस्कार के लिए प्रीति का नाम पुकारा गया तो उनकी मां ज्योत्सना और पिता दीपक की आंखें खुशी से नम हो गईं।

मां ज्योत्सना बताती हैं हमारे लिए बेटियों का महंगे खेल शॉटगन में शामिल होना ही बड़ी बात थी। मैंने और पति ने कभी शॉटगन की बंदूक देखी भी नहीं थी। ये सब कुछ किसी सपने के सच होने जैसा है। वे बताती है कि एक ऐसा दौर भी आया जब आर्थिक तंगी के चलते बेटियों को प्राइवेट स्कूल से निकालकर सरकारी स्कूल में पढ़ाना पड़ा। इसी बीच साल 2015 में पता चला कि मप्र खेल अकादमी बच्चों को खेलकूद के लिए तैयार करती है तो वे बेटियों को लेकर भोपाल अकादमी गई। जहाँ बड़ी बेटी शेफाली का तो चयन हो गया, लेकिन प्रीति को मायूसी हाथ लगी। प्रीति ने हार नहीं मानी और लगातार कोशिश करती रही और अगले वर्ष ही प्रीति का चयन भी हो गया। अब प्रीति देश के लिए राष्ट्रीय स्तर पर पर खेल रही है, वहीं बड़ी बेटी शेफाली कोच के रूप में अपनी सेवाएं दे रही है।

• प्रीति की उपलब्धियां

प्रीति ने महज 15 साल की उम्र में मध्यप्रदेश खेल अकादमी भोपाल में प्रवेश लेने के बाद स्टेट, नेशनल और इंटरनेशनल में बेहतर प्रदर्शन कर भारत का नाम रोशन किया है। कोरिया के चांगवोन में 2022 में हुए इंटरनेशनल शूटिंग आईएसएसएफ वर्ल्ड कप में इंडिविजुअल टीम में उन्होंने सिल्वर जीता। जर्मनी में 8 मई से 21 जुलाई 2022 चले जूनियर वर्ल्ड कप में अकेले (इंडीविजुअल) टीम में सिल्वर मेडल जीतने में कामयाबी दर्ज की। इतना ही नहीं 11 वें इंटरनेशनल शॉटगन शूटिंग कप में फिनलैंड में वे भारत का नेतृत्व भी कर चुकी हैं।

• अब वर्ल्ड कप पर नजर

प्रीति वर्तमान में प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी पंजाब से (बीपीईडी) बैचलर ऑफ फिजिकल एजुकेशन की पढ़ाई (सेकंड ईयर) कर रही हैं। उनकी नज़र अब वर्ल्ड कप में भारत के लिए मेडल जीतने पर है। जयपुर में हुए ट्रायल में बेहतर प्रदर्शन कर प्रीति ने वर्ल्ड कप के लिए भारतीय टीम में जगह बना ली है।

संदर्भ स्रोत : दैनिक भास्कर,

संपादन- मीडियाटिक टीम

© मीडियाटिक

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