ज़िन्दगीनामा

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मुकदमे के बजाय समझौते के लिए प्रोत्साहित करती थीं शिप्रा शर्मा

जिस दौर में शिप्रा शर्मा न्यायिक सेवा में पहुंची उस समय इक्का दुक्का महिलाएं ही इस क्षेत्र में सक्रिय थीं। 31 साल और 8 महीने के से...

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इंदु मेहता : ऐसी कॉमरेड जो आज़ादी के लिए आखिर तक लड़ती रहीं

सीपीआई की कर्मठ कार्यकर्ता इंदु मेहता ने अपनी किशोरावस्था और जवानी में ही अंग्रेजों की गुलामी से आज़ादी का ख़्वाब अपनी आँखों में सजा...

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शीला खन्ना: कानूनी मुद्दों  पर बेबाक राय रखने वाली सख्त न्यायाधीश 

अपने कार्यकाल में कठोर, अनुशासनप्रिय और दृढ़ न्यायाधीश के रूप में ख्यात सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति शीला खन्ना अपने निजी जीवन में सुलझी...