ऐश्वर्या विश्वकर्मा ने जीता मेडलियन फॉर एक्सीलेंस

blog-img

ऐश्वर्या विश्वकर्मा ने जीता मेडलियन फॉर एक्सीलेंस

 

जबलपुर। संस्कारधानी जबलपुर की होनहार छात्रा ऐश्वर्या विश्वकर्मा ने राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जिले का नाम रोशन किया है। महिला पॉलिटेक्निक कॉलेज की कंप्यूटर साइंस की छात्रा ऐश्वर्या ने स्किल इंडिया रीजनल कॉम्पटीशन में मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व करते हुए मैडेलियन फॉर एक्सीलेंस अवॉर्ड प्राप्त किया। यह प्रतियोगिता गांधीनगर, गुजरात में आयोजित की गई थी। अवॉर्ड लेकर जबलपुर लौटी छात्रा का जिला कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने सम्मान किया और उनकी प्रतिभा की सराहना की।

स्मार्ट सिटी विषय पर तैयार किया वेब एप्लीकेशन

प्रतियोगिता के दौरान ऐश्वर्या ने निर्धारित समय-सीमा में डाटाबेस कनेक्टिविटी के साथ विभिन्न वेब एप्लीकेशन तैयार किए। राज्य स्तरीय चरण में उन्हें 'स्मार्ट सिटी' विषय पर वेब एप्लीकेशन डिजाइन करना था। समय सीमा के भीतर तैयार एप्लीकेशन में पर्यटक स्थलों, नजदीकी अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थानों सहित अन्य जनउपयोगी जानकारियों के फीचर शामिल किए गए।

जिला स्तर से शुरू हुआ सफलता का सफर

ऐश्वर्या की सफलता का सफर जिला स्तरीय प्रतियोगिता से शुरू हुआ, जहां से चयनित होकर उन्होंने राज्य और रीजनल स्तर तक अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। न्यू रामनगर अधारताल निवासी आशुतोष विश्वकर्मा और श्रीमती भारती विश्वकर्मा की सुपुत्री ऐश्वर्या को कक्षा नौवीं से ही कंप्यूटर प्रोग्रामिंग में विशेष रुचि रही है।

समाज के लिए तकनीकी सेवा का संकल्प

सम्मान के दौरान कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने सीएम हेल्पलाइन जैसे एप्लीकेशन में तकनीकी सुधार को लेकर भी चर्चा की। ऐश्वर्या ने कहा कि वह भविष्य में प्रशासन और सरकार के साथ मिलकर समाज के लिए तकनीकी रूप से योगदान देना चाहती हैं।  

सन्दर्भ स्रोत एवं छाया : यशभारत डॉट को डॉट इन

Comments

Leave A reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *



गरीबी से सफलता तक: मध्यप्रदेश की
न्यूज़

गरीबी से सफलता तक: मध्यप्रदेश की , भगवती देवी बनीं ट्रैक्टर उद्यमी

हरदोली गांव की महिला ने दिखाया संघर्ष और आत्मनिर्भरता का रास्ता

महिलाओं की संस्था 'सकारात्मक सोच'
न्यूज़

महिलाओं की संस्था 'सकारात्मक सोच' , ने बदली स्कूल और आंगनवाड़ी की तस्वीर

शिक्षा और पर्यावरण में योगदान- स्कूलों में अब वाटर कूलर, पंखे, एलईडी के साथ रेन वाटर हार्वेस्टिंग भी

नो केमिकल हर्बल प्रोडक्ट से बीमारियों से
न्यूज़

नो केमिकल हर्बल प्रोडक्ट से बीमारियों से , सुरक्षा उज्जैन की छात्राओं का अनोखा नवाचार

उज्जैन के सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय की छात्राओं ने बनाया हर्बल प्रोडक्ट, डेली यूज की चीजें, खाने पीने के सामान क...

मां यशोदा बनकर सैकड़ों कुपोषित बच्चों
न्यूज़

मां यशोदा बनकर सैकड़ों कुपोषित बच्चों , को नई जिंदगी  दे रही रीवा की ममता

सामाजिक सेवा से मिलती है संतुष्टि - आठ साल पहले पहली बार 47 अति कुपोषित बच्चों को गोद लिया था।