श्रीवाली: नौ महीने पहले थामी बंदूक और अब

blog-img

श्रीवाली: नौ महीने पहले थामी बंदूक और अब
एक ही टूर्नामेंट में जीत लिए 4 गोल्ड

छाया: प्रवीण भंडारी के फेसबुक पेज से

• मप्र शूटिंग अकादमी की शूटर ने अहमदाबाद में चारों कैटेगरी में लगाए सटीक निशाने

भोपाल।  मप्र अकादमी की राइफल शूटर श्रीवाली श्रीवास्तव ने पिछले दिनों अहमदाबाद में आयोजित प्री नेशनल शूटिंग चैम्पियनशिप में चार गोल्ड जीते। उन्होंने विमेंस. यूथ, सब यूथ और जूनियर चारों श्रेणी में गोल्ड पर निशाने लगाए । उससे पहले उन्होंने भोपाल में आयोजित आल इंडिया ओपन शूटिंग में भी दो गोल्ड और सिलवर अपने नाम किये थे। उन्होंने यह सभी मेडल 10 मीटर एयर रायफल में जीते हैं। यह छह गोल्ड उन्होंने महीने भर के अंदर जीते हैं। उन्हें अभी बंदूक पकड़े साल भर भी नहीं हुआ है। यह सभी मेडल उन्होंने मात्र 8-9 महीने की प्रैक्टिस में ही जीत लिए हैं, इसलिए उन्हें भविष्य की शूटर के रूप में देखा जाने लगा है।

मंदसौर की रहने वाली श्रीवाली बताती हैं कि वह दो बहने हैं। उनके ताऊ को बंदूक रखने का शौक है। उन्होंने अपने ताऊ की बंदूक से ही निशाना लगाना सीखा है। साल भर पहले उनकी बहन और वह ऐसे ही शौकिया तौर पर ताऊ की बदूंक से निशाना लगा रहे थे। उनके निशाने पहली ही बार में सटीक लगे तो उन्हें मप्र शूटिंग अकादमी के टैलेंट सर्च में ट्रायल देने का सुझाव दिया गया और 2022 जून महीने में उन्होंने मप्र शूटिंग अकादमी के सालाना होने वाले टैलेंट सर्च में अपना हुनर दिखाया। वह उसमें चुन ली गईं और नवंबर माह में मप्र शूटिंग अकादमी अकादमी ज्वाइन कर ली। यहां पर उन्होंने सबसे पहले जनवरी फरवरी माह में स्टेट टूर्नामेंट में हिस्सा लिया। यह टूर्नामेंट महू में खेला गया था। वहां उन्होंने तीन गोल्ड जीते। वहीं से उन्होंने नेशनल के लिए क्वालिफाई किया था। नेशनल पिछले महीने भोपाल में ही हुआ था तब उन्होंने दो गोल्ड जीते और इसके बाद वे अहमदाबाद पहुंची जहां प्री नेशनल शूटिंग चैम्पियनशिप आयोजित हुई है । उसमें सोने का चौका लगाया। अब वे मप्र शूटिंग अकादमी में कोच वैभव शर्मा और अपराजिता से ट्रेनिंग लेकर आगे के टूर्नामेंट की तैयारी में जुट गई हैं।

संदर्भ स्रोत: दैनिक भास्कर

Comments

Leave A reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *



बिना कोचिंग चमकीं बेटियां : आशिता को 99.8
न्यूज़

बिना कोचिंग चमकीं बेटियां : आशिता को 99.8 , प्रतिशत, काजल को 3 स्वर्ण पदक

राजगढ़ की आशिता और कटनी की काजल ने रचा सफलता का इतिहास

महिलाओं को पंख दे रही ‘उड़ान’, 5 लाख से
न्यूज़

महिलाओं को पंख दे रही ‘उड़ान’, 5 लाख से , अधिक जरूरतमंदों की बदल दी जिंदगी

उड़ान संस्था पिछले 6 वर्षों में 5 लाख से अधिक लोगों की मदद कर महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का काम कर रही है।

इजराइल के क्लब से खेलने वाली पहली
न्यूज़

इजराइल के क्लब से खेलने वाली पहली , भारतीय महिला फुटबॉलर बनीं धार की ज्योति

ज्योति की प्रतिभा को अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने में घाना की राष्ट्रीय महिला फुटबॉल टीम की पूर्व उपकप्तान एलशद्दाई अचे...

एशियन जंप रोप चैंपियनशिप : आस्था,
न्यूज़

एशियन जंप रोप चैंपियनशिप : आस्था, , श्रुतिका और तनिष्का चीन में दिखाएंगी दम

30 जुलाई से 5 अगस्त तक आयोजित प्रतियोगिता में देवास की बेटियां चीन में करेंगी भारत का प्रतिनिधित्व

सामाजिक संवेदनाओं की सशक्त अभिव्यक्ति: शोभिता
न्यूज़

सामाजिक संवेदनाओं की सशक्त अभिव्यक्ति: शोभिता , ठाकुर की पहली लघु फिल्म ‘खिलावड़ी’

अंतरराष्ट्रीय मंचों पर बनाई पहचान, बांछड़ा समुदाय की बेटियों के संघर्ष को पर्दे पर लाती ‘खिलावड़ी’

डॉ. कविता शुक्ला को संस्कृति मंत्रालय की फैलोशिप
न्यूज़

डॉ. कविता शुक्ला को संस्कृति मंत्रालय की फैलोशिप

आकाशवाणी की संगीत स्वर चयन समिति में भी शामिल