सफ़िया खान बुन्देलखंड क्षेत्र की विरासत को दस्तावेजों में लम्बे समय से सहेजने का प्रयास कर रही हैं.
चंबल क्षेत्र की कला और संस्कृति एक ऐसा विषय है जिस पर बहुत अधिक चर्चा नहीं की जाती, लेकिन ग्वालियर की डॉ. नीता योगेंद्र पहारिया अप...
‘इनोवेटिव फार्मर’ एवं ‘जैविक कृषक राष्ट्रीय सम्मान’ जैसे कई पुरस्कार प्राप्त कर चुकी ललिता मुकाती की कहानी अपने जीवन में कुछ कर गु...
गरीबी में पली-बढ़ी दुर्गाबाई ने विपरीत परिस्तिथियों में संघर्षों के साथ काम करते हुए गोंड भित्ति चित्रों के जरिए अपनी अलग पहचान बना...
कुमुद सिंह एक सक्रिय सामजिक कार्यकर्ता हैं जो लम्बे समय से अलग-अलग मुद्दों पर काम करती आ रही हैं, ख़ासतौर पर लिंग भेद को लेकर किये...
वर्ष 2007 से उन्होंने 7 दिसंबर-0 दिसंबर तक अपने सिरेमिक आर्ट की प्रदर्शनी लगाना शुरू किया, उन चार दिनों में हुई कमाई को फ़ौज के झंड...

